अचक्रीय प्रकाश-फॉस्फोरिलीकरण में, Pd680 द्वारा उत्सर्जित इलेक्ट्रॉन को किससे प्रतिस्थापित किया जाता है?
अचक्रीय प्रकाश-फॉस्फोरिलीकरण में, प्रकाश तंत्र II में P680 द्वारा खोए गए इलेक्ट्रॉनों को जल के अणुओं के विखंडन (प्रकाश-अपघटन) से प्राप्त इलेक्ट्रॉनों द्वारा प्रतिस्थापित किया जाता है। यह प्रक्रिया ऑक्सीजन मुक्त करती है और P680 में इलेक्ट्रॉन की कमी को पूरा करने के लिए इलेक्ट्रॉन प्रदान करती है।