निम्नलिखित में से कौन-सा यौगिक ज्यामितीय समावयवता दर्शा सकता है?
NCERT पाठ समझाता है: 'ऐल्कीन कार्बन–कार्बन द्विबंध के चारों ओर प्रतिबंधित घूर्णन के कारण ज्यामितीय (समपक्ष-विपक्ष) समावयवता दर्शाते हैं।' ज्यामितीय समावयवता के लिए द्विबंध का प्रत्येक कार्बन दो भिन्न समूहों से जुड़ा होना चाहिए। ब्यूट-2-ईन ($CH_3-CH=CH-CH_3$) में द्विबंध के दोनों कार्बन एक हाइड्रोजन और एक मेथिल समूह से जुड़े हैं, जिससे समपक्ष और विपक्ष समावयवी संभव हैं। पेन्ट-1-ईन ($CH_2=CH-CH_2-CH_2-CH_3$) में द्विबंध का एक कार्बन दो हाइड्रोजन परमाणुओं से जुड़ा है, जो ज्यामितीय समावयवता रोकता है।