एथेन का सांतरित संरूपण उसके ग्रस्त संरूपण से सामान्यतः अधिक स्थायी क्यों होता है?
सारांश कहता है: 'एथेन के सांतरित और ग्रस्त संरूपणों में से, सांतरित संरूपण अधिक स्थायी है क्योंकि हाइड्रोजन परमाणु अधिकतम दूरी पर होते हैं।' इससे C-H आबंधों के इलेक्ट्रॉन मेघों के बीच मरोड़ी विकृति या प्रतिकर्षी अन्योन्यक्रियाएँ न्यूनतम होती हैं। (अध्याय: हाइड्रोकार्बन, पृष्ठ 326)