इलेक्ट्रॉनरागी अभिकर्मक के प्रति घटती हुई क्रियाशीलता का क्रम, निम्नलिखित के लिए:-
(i) बेन्ज़ीन
(ii) टॉलूईन
(iii) क्लोरोबेन्ज़ीन
(iv) फीनॉल
होगा:-
सक्रियकारी समूह (जैसे OH, R आदि) युक्त बेन्ज़ीन, स्वयं बेन्ज़ीन की तुलना में इलेक्ट्रॉनरागी प्रतिस्थापन बहुत आसानी से करता है। अतः टॉलूईन (C6H5CH3 ), फीनॉल (C6H5OH) बेन्ज़ीन की तुलना में इलेक्ट्रॉनरागी प्रतिस्थापन बहुत सरलता से करते हैं। क्लोरीन +E तथा +M प्रभाव रखते हुए भी प्रबल -I प्रभाव के कारण वलय को निष्क्रियित करती है। अतः क्लोरोबेन्ज़ीन में प्रतिस्थापन बेन्ज़ीन की तुलना में कठिन है, इसलिए सही क्रम है:-
फीनॉल>टॉलूईन>बेन्ज़ीन>क्लोरोबेन्ज़ीन
(iv) (ii) (i) (iii)