Chemical Thermodynamics NEET प्रश्न हिंदी में — रसायन विज्ञान (Chemistry) MCQ उत्तर सहित

Chemical Thermodynamics (Chemistry) के NEET बहुविकल्पीय प्रश्न हिंदी में मुफ़्त हल करें — तुरंत सही उत्तर और विस्तृत व्याख्या के साथ। लॉगिन की आवश्यकता नहीं।

सभी Physics Chemistry Botany Zoology
भाषा English हिंदी
Clear Register free for difficulty & keyword filters
● ● ● ● ●

किरचॉफ का समीकरण अभिक्रिया की ऊष्मा पर....का प्रभाव देता है।

You've reached today's free limit of 20 questions. Log in to keep practising for free.
Explanation

किरचॉफ का समीकरण है:

∆H2-∆H1=∆CPT2-T1

 

● ● ● ● ●

साम्य पर किसी अभिक्रिया के लिए-

You've reached today's free limit of 20 questions. Log in to keep practising for free.
Explanation

साम्य पर किसी अभिक्रिया के लिए ∆G=0 and not ∆G∘.

● ● ● ● ●

एक मोल वास्तविक गैस को स्थिर आयतन परP1, V1, T1 अवस्था से P2, V2, T2 अवस्था तक गर्म किया जाता है। फिर इसे P3 atm के स्थिर बाह्य दाब के विरुद्ध अनुत्क्रमणीय रुद्धोष्म संपीडन के अधीन किया जाता है जब तक निकाय अंतिम अवस्थाP3, V3, T3 तक नहीं पहुँच जाता। यदि वास्तविक गैस की स्थिर आयतन मोलर ऊष्मा धारिता CV है। अवस्था 1 से अवस्था 3 तक ∆H के लिए सही व्यंजक ज्ञात कीजिए-

You've reached today's free limit of 20 questions. Log in to keep practising for free.
Explanation

∆HI=CvT2-T1+P2V1-P1V1

∆HII=∆U+P3V2-P2V1=P3V2-V1+P3V2-P2V1=P3V1-P2V1∆Hoverall=CvT2-T1+P3V1-P1V1

 

● ● ● ● ●

298 K पर C=C तथा C-C की बंध ऊर्जाएँ क्रमशः 590 तथा 331 kJ mol-1 हैं। एथिलीन के प्रति मोल बहुलकीकरण की एन्थैल्पी है

You've reached today's free limit of 20 questions. Log in to keep practising for free.
Explanation

बहुलकीकरण अभिक्रिया

n CH2=CH2→-CH2-CH2-n

एथिलीन के प्रति मोल एक मोल C=C बंध टूटता है तथा दो मोल C-C बंध बनते हैं।

∆H=590-2×331=590-662

= -72 kJ प्रति मोल एथिलीन।

● ● ● ● ●

जब 0.16 g ग्लूकोस को बम कैलोरीमीटर में जलाया गया, तो ताप 4 डिग्री बढ़ गया। कैलोरीमीटर नियतांक (कैलोरीमीटर का जल तुल्यांक) की गणना कीजिए, यह दिया गया है कि ∆H∘=-2.8×106 J mol-1. [मोलर दहन एन्थैल्पी]। ग्लूकोस का मोलर द्रव्यमान = 180 mol-1।

You've reached today's free limit of 20 questions. Log in to keep practising for free.
Explanation

180 gms ग्लूकोस से ⇒2.8×106 J ऊष्मा मुक्त होती है

∴ 0.16 gms से प्राप्त होगी 2.8×106180×0.16 J

यदि कैलोरीमीटर नियतांक = W हो, तब

W×4=2.8×0.16×106180=2.8×1.6×1031.8 J∴ W=2.8×1.6×1031.8×4 Jdeg-1=6.22×102 Jdeg-1

● ● ● ● ●

दाब p पर आदर्श गैसों के समतापीय मिश्रण के दौरान, मिश्रण प्रक्रम के लिए प्रति मोल एन्ट्रॉपी परिवर्तन -R ∑xi ln xi होता है जहाँ x1, x2,....,xi मिश्रण के अवयवों 1, 2,....,i के मोल प्रभाज हैं। आदर्श गैस व्यवहार मानते हुए, 0.8 मोल N2 तथा 0.2 मोल O2 के मिश्रण के लिए ∆S की गणना कीजिए।( 25∘C तथा 0.9 atm पर) [1 eu = cal/deg]

You've reached today's free limit of 20 questions. Log in to keep practising for free.
Explanation

मोल प्रभाज 0.8 तथा 0.2 हैं

∴ प्रति मोल मिश्रण की एन्ट्रॉपी

=-1.9870.8 ln0.8+0.2 ln0.2=-1.987-0.1785-0.3219=0.9943 eu

 

● ● ● ● ●

H2g+12O2g→H2Ol

B.E. (H-H) = x1; B.E. (O=O) = x2 B.E. (O-H) = x3

द्रव जल के जलवाष्प में वाष्पन की गुप्त ऊष्मा = x4, तब ∆Hf(द्रव जल की संभवन ऊष्मा) है-

You've reached today's free limit of 20 questions. Log in to keep practising for free.
Explanation

H2g+12O2g→H2Og∆H∆H=-2x bond formation energy of (O-H)+bond breaking energy of H2+12 bond breaking energy of O2∆H=x1+x22-2x3H2Og→H2Ol                     ∆H1=-x4∴ H2g+12O2g→H2Ol  ∆H2∆H2=x1+x22-2x3-x4

● ● ● ● ●

सिलिकॉन हाइड्राइडों के तापीय अपघटन में मध्यवर्ती SiH2 बनता है। निम्नलिखित अभिक्रियाओं के आधार पर SiH2 का ∆Hf∘ परिकलित कीजिए

Si2H6g+H2g→2SiH4g; ∆H∘=-11.7 kJ/molSiH4g→SiH2g+H2g; ∆H∘=+239.7 kJ/mol∆Hf, Si2H6g=+80.3 kJ mol-1

You've reached today's free limit of 20 questions. Log in to keep practising for free.
Explanation

Si2H6g    +    H2g⇌2SiH4g                                                                  ∆H=-11.7 kJ/mol+80.3 kJ/mol     0                                    x2x-80.3=-11.7, ∴ 2x=80.3-11.7=68.6 kJ/mol                                   ∴ x=34.3 kJ/molSiH4g→SiH2g+H2g; ∆H=+239.7 kJ/mol+34.3            y             0y-34.3 =239.7∴ y=239.7+34.3 kJ mol-1=274 kJ/mol

● ● ● ● ●

H2O2 के अपघटन के साथ होता है:

You've reached today's free limit of 20 questions. Log in to keep practising for free.
Explanation

H2O2 का अपघटन एक स्वतःप्रवर्तित प्रक्रम है अतः Delta G का मान ऋणात्मक है इसलिए मुक्त ऊर्जा में कमी होगी.... 

● ● ● ● ●

अभिकथन : किसी धातु ऑक्साइड का अपचयन अधिक सरल होता है यदि बनने वाली धातु अपचयन के ताप पर
द्रव अवस्था में हो।

कारण : जब बनने वाली धातु द्रव अवस्था में हो तथा अपचयित हो रहा धातु ऑक्साइड ठोस अवस्था में हो, तो अपचयन प्रक्रम में एंट्रॉपी परिवर्तन +S का मान अधिक धनात्मक होता है। अतः +G0 का मान अधिक ऋणात्मक हो जाता है।

You've reached today's free limit of 20 questions. Log in to keep practising for free.
Explanation

(A) ठोस से द्रव अथवा द्रव से गैस में प्रावस्था बदलने पर यादृच्छिकता बढ़ जाती है।

Ready to ace NEET?

Free access · No credit card required

Frequently Asked Questions

हाँ। इस पेज के हर Chemical Thermodynamics प्रश्न को बिना लॉगिन किए मुफ़्त हल किया जा सकता है, और सही उत्तर व विस्तृत व्याख्या तुरंत देखी जा सकती है।

नहीं। प्रश्न हल करने और उत्तर देखने के लिए किसी खाते की आवश्यकता नहीं है। मुफ़्त खाता बुकमार्क, निजी नोट्स और प्रगति ट्रैकिंग जोड़ देता है।

इस प्रश्न बैंक में NEET के पिछले वर्षों के प्रश्न (PYQ) और अभ्यास प्रश्न दोनों शामिल हैं — जहाँ लागू हो, हर प्रश्न पर उसका परीक्षा वर्ष अंकित है।